गिरते रुपये के बीच RBI ने रेपो रेट घटाया
कम रुपये और मजबूत GDP के बीच RBI ने रेपो रेट 5.25% कर दिया

RBI रेपो रेट कटौती भारत

RBI रेपो रेट कटौती भारत
भारतीय रिज़र्व बैंक ने रेपो रेट में 25 बेसिस पॉइंट की कटौती कर इसे 5.25% कर दिया है। यह फैसला ऐसे समय में आया है जब महंगाई रिकॉर्ड निचले स्तर पर है, जबकि रुपये की कीमत ऐतिहासिक गिरावट के साथ 90 के नीचे जा चुकी है और GDP ग्रोथ 8% से ऊपर बनी हुई है।
पिछली दो बैठकों में रेपो रेट को स्थिर रखा गया था, लेकिन हाल ही में RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने संकेत दिया था कि दरों में कमी की गुंजाइश है। हालांकि, पिछले कुछ हफ्तों में आर्थिक परिस्थितियाँ और जटिल हो गई हैं। भारत की अर्थव्यवस्था भारी अमेरिकी टैरिफ के बावजूद मजबूत दिख रही है, जबकि रुपये में लगातार तेज़ गिरावट दर्ज की गई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि तेज GDP ग्रोथ और कमजोर रुपये का संयोजन मौद्रिक नीति को काफी कठिन बना रहा है। कई अर्थशास्त्री अनुमान लगा रहे हैं कि आगे RBI लंबा विराम ले सकता है, क्योंकि डॉलर के मुकाबले रुपये की लगातार कमजोरी ने अनिश्चितता को बढ़ा दिया है, खासतौर पर तब जब भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर तस्वीर अभी साफ नहीं है।
पिछली MPC बैठक के बाद से रुपये में आई तेज गिरावट ने RBI पर अतिरिक्त दबाव डाला है। बैंक ने मुद्रा को बचाने से लेकर उसे 90 प्रति डॉलर के पार जाने देने की रणनीति अपनाई है। इस कटौती को अर्थव्यवस्था को समर्थन देने और विदेशी मुद्रा बाज़ार में अस्थिरता को संतुलित करने की दिशा में एक कदम माना जा रहा है।